*कवि कल्प एवं पुस्तक विमोचन समारोह* कोलकाता, 13 जुलाई। महानगर की ख्यातिलब्ध सृजनशील साहित्यिक संस्था बंगीय हिंदी परिषद में कविकल्प एवं पुस्तक विमोचन समारोह दो सत्रों में संपन्न हुआ। प्रथम सत्र में युवा कवयित्री निधि सिंह की प्रथम कृति ‘क़ैद एहसास’ का लोकार्पण किया गया।कार्यक्रम की अध्यक्षता दयाशंकर मिश्र ने …
Read More »21वीं सदी में प्रेमचंद्र के साहित्य की प्रासंगिकता
प्रेमचंद के साहित्य की प्रासंगिकता पर आयोजित भाषण प्रतियोगिता कोलकाता। अंतर्राष्ट्रीय संस्था रचनाकार भारत फाउंडेशन द्वारा भाषण प्रतियोगिता श्रृंखला की तीसरी कड़ी का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया,जिसका विषय था- 21वीं सदी में प्रेमचंद के साहित्य की प्रासंगिकता , जिसमें विभिन्न शैक्षणिक संस्थाओं के विद्यार्थियों ने बड़े उत्साह से भाग …
Read More »पंडित विद्यानिवास मिश्र के चिंतन में लोक संस्कृति
*विद्यानिवास मिश्र भारतीय संस्कृति के सशक्त वाहक थे : प्रो. गिरीश्वर मिश्र* कोलकाता 12 जुलाई । सेठ सूरजमल जालान पुस्तकालय के तत्तवावधान में शनिवार को पंडित विद्यानिवास मिश्र की जन्मशती के अवसर पर पुस्तकालय सभागार में “विद्यानिवास मिश्र के लेखन में संस्कृति विमर्श” विषयक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। …
Read More »बंदेमातरम के 150 वर्ष पर अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी
एमयूसी महिला महाविद्यालय में ‘वंदे मातरम के 150 वर्ष’ पर अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी का सफल समापन, साहित्य और राष्ट्रीय चेतना पर वैश्विक संवाद को बढ़ावा बर्दवान, 8 जुलाई : दो दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी “औपनिवेशिक भारत में साहित्य और राष्ट्रीय चेतना की कथाएँ : वंदे मातरम के 150 वर्ष” का समापन …
Read More »राष्ट्र की कथा
महाराजाधिराज उदय चंद महिला महाविद्यालय में साहित्य और राष्ट्रीय चेतना पर दो दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी का शुभारंभ बर्दवान (7 जुलाई 2026) : महाराजाधिराज उदय चंद महिला महाविद्यालय, बर्दवान के इतिहास विभाग एवं IQAC ने हिंदी विश्वविद्यालय, हावड़ा के सहयोग से ‘राष्ट्र की कथा : औपनिवेशिक भारत में …
Read More »मनकापुर रियासत का संक्षिप्त इतिहास
### *एक राजा ऐसा भी* #### _मनकापुर रियासत का संक्षिप्त इतिहास_ ग्यारहवीं शताब्दी तक यह सम्पूर्ण क्षेत्र घने जंगलों से आच्छादित था। यहाँ मुख्य रूप से थारू आदिवासी जनजाति और भर समुदाय के लोग निवास करते थे। एक निर्णायक युद्ध में भर जाति की विजय हुई और उनके मुखिया …
Read More »एक देश में ‘ दो प्रधान, दो विधान, दो निशान नहीं चलेंगे
डाॅ मुखर्जी का जीवन बलिदान में प्रकट होता है- ब्रजेश हावड़ा, 06 जुलाई। पश्चिम बंगाल की स्वनामधन्य संस्था ‘सलकिया हिन्दी साहित्य गोष्ठी ‘के तत्वावधान में डाॅ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती का पालन बांधाघाट के श्री हनुमान पुस्तकालय में मनायी गई। इस महत्वपूर्ण अवसर पर कार्यक्रम अध्यक्ष व चीफ …
Read More »देश की एकता के लिए बलिदान दिया dr श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने
जवाहरलाल नेहरू विद्यापीठ ने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती श्रद्धापूर्वक मनाई कोलकाता (6 जुलाई 2026) : डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती के अवसर पर आज सोमवार को जवाहरलाल नेहरू विद्यापीठ (बॉयज़) हाई स्कूल में “स्मरणोत्सव” कार्यक्रम का आयोजन बड़े ही देशभक्तिपूर्ण वातावरण में किया गया। …
Read More »लघुकथा प्रतियोगिता
लघुकथा शोध केन्द्र तथा रचनाकार ने आयोजित की लघुकथा प्रतियोगिता ‘लघुकथा शोध केन्द्र, भोपाल की कोलकाता इकाई’ जिसे अन्तर्राष्ट्रीय संस्था रचनाकार संचालित करती है द्वारा स्योना एक्सपीरियंस कैफे में एक लघुकथा प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इसमें कोलकाता के अनेक स्थापित एवं नवांकुर लघुकथाकारों ने भाग लिया। ‘लघुकथा …
Read More »बंगाल अपने स्वभाव,संस्कृति और चहल-पहल में वापस
तेजी से बदल रहा है बंगाल पश्चिम बंगाल में शुभेंदु अधिकारी सरकार द्वारा सत्ता संभालने के अल्पकाल में ही स्पष्ट बदलाव दिख रहा है। ऐसा लगता है कि केवल ममता सरकार की विचारधारा और दिशा के बिल्कुल उलट शुभेंदु सरकार ने यू टर्न ही नहीं किया बल्कि सारे कील …
Read More »
The Wake News Portal & Magazine